जामिया में आरएसएस के फासीवादी एजेंडे के लिए कोई जगह नहीं :छात्र संगठन

लखनऊ। अखिल भारतीय क्रांतिकारी विद्यार्थी संगठन ने अन्य संगठनों—आइसा , फ्रेटरनिटी मूवमेंट, एसएफआई, एनएसयूआई आदि के साथ मिलकर जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय में आरएसएस के शताब्दी वर्ष के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम 'युवा कुंभ' के खिलाफ संयुक्त रूप से विरोध प्रदर्शन आयोजित किया। यह कार्यक्रम सुबह 10:30 बजे होने वाला था, इस फासीवादी आयोजन का विरोध करने के लिए सैकड़ों विद्यार्थी फेट  ऑडिटोरियम के सामने जमा हो गए। जामिया के बाहर भारी पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई थी और विद्यार्थियों के प्रवेश को रोकने के लिए फेट ऑडिटोरियम के पास के गेटों को बंद कर दिया गया था।

जब विद्यार्थी इमारत के अंदर दाखिल हुए और  फेट ऑडिटोरियम के बाहर कॉरिडोर में विरोध प्रदर्शन किया, तो प्रशासन ने उनके  साथ बर्बर व्यवहार किया। उन्होंने विद्यार्थियों को पीटा, जिसके परिणामस्वरूप एक छात्र बेहोश हो गया। भले ही आरएसएस का कार्यक्रम संपन्न हुआ, लेकिन विद्यार्थियों द्वारा बनाए गए दबाव के कारण इसे छोटा करना पड़ा। जामिया के जागरूक विद्यार्थियों ने सभी के सामने यह स्पष्ट कर दिया है कि जामिया में आरएसएस  अपना फासीवादी एजेंडा लागू कर नहीं पाएगी। जामिया के 'भगवाकरण' के हर प्रयास का डटकर मुकाबला किया जाएगा।