जिलाधिकारी ने शिकायत की वास्तविकता की पुष्टि के लिए स्वयं शिकायतकर्ता के साथ तहसील पहुंचकर संग्रह कार्यालय में उपलब्ध अभिलेखों यथा आरसी पंजिका, रसीद बही एवं मास्टर पंजिका का गहन परीक्षण किया। इस दौरान अमीन द्वारा उपलब्ध कराए गए अभिलेखों के आधार पर शिकायतकर्ता द्वारा फसली ऋण के सापेक्ष अमीन को दी गई धनराशि तथा बैंक में जमा कराई गई धनराशि का मिलान किया गया। जांच के प्रथम दृष्टया तथ्यों में यह सामने आया कि शिकायतकर्ता द्वारा अमीन को दी गई धनराशि की तुलना में बैंक में कम धनराशि जमा की गई है।
इस गंभीर अनियमितता को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी ने प्रकरण की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए प्रभारी अधिकारी कलेक्ट्रेट धर्मेन्द्र सिंह एवं उप जिलाधिकारी सदर राज बहादुर सिंह को जांच अधिकारी नामित किया। उन्होंने निर्देश दिए कि मामले की गहन जांच कर तत्काल रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता पाये जाने पर संबंधित की जिम्मेदारी तय करते हुए कड़ी कार्यवाही अमल में लाई जायेगी।
निरीक्षण के दौरान प्रभारी अधिकारी कलेक्ट्रेट, उप जिलाधिकारी सदर, पटल लिपिक एवं संबंधित अमीन सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।जिलाधिकारी ने शिकायत की वास्तविकता की पुष्टि के लिए स्वयं शिकायतकर्ता के साथ तहसील पहुंचकर संग्रह कार्यालय में उपलब्ध अभिलेखों यथा आरसी पंजिका, रसीद बही एवं मास्टर पंजिका का गहन परीक्षण किया। इस दौरान अमीन द्वारा उपलब्ध कराए गए अभिलेखों के आधार पर शिकायतकर्ता द्वारा फसली ऋण के सापेक्ष अमीन को दी गई धनराशि तथा बैंक में जमा कराई गई धनराशि का मिलान किया गया। जांच के प्रथम दृष्टया तथ्यों में यह सामने आया कि शिकायतकर्ता द्वारा अमीन को दी गई धनराशि की तुलना में बैंक में कम धनराशि जमा की गई है। इस गंभीर अनियमितता को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी ने प्रकरण की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए प्रभारी अधिकारी कलेक्ट्रेट धर्मेन्द्र सिंह एवं उप जिलाधिकारी सदर राज बहादुर सिंह को जांच अधिकारी नामित किया। उन्होंने निर्देश दिए कि मामले की गहन जांच कर तत्काल रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता पाये जाने पर संबंधित की जिम्मेदारी तय करते हुए कड़ी कार्यवाही अमल में लाई जायेगी।
निरीक्षण के दौरान प्रभारी अधिकारी कलेक्ट्रेट, उप जिलाधिकारी सदर, पटल लिपिक एवं संबंधित अमीन सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।